उज्जैन, 24 सितंबर। सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, उज्जैन के तत्वावधान में अंतर्राष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिवस के अवसर पर शासकीय दृष्टि एवं श्रवण बाधितार्थ उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, उज्जैन में गत दिवस विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम का उद्देश्य सांकेतिक भाषा के महत्व को रेखांकित करते हुए श्रवण बाधितजनों के अधिकार, शिक्षा, समान अवसर एवं समाज में पूर्ण समावेशन के प्रति जनचेतना बढ़ाना था।

खास बातें

  • कार्यक्रम का उद्देश्य सांकेतिक भाषा के महत्व को रेखांकित करते हुए श्रवण बाधितजनों के अधिकार, शिक्षा, समान अवसर एवं समाज में पूर्ण समावेशन के प्रति जनचेतना बढ़ाना था।
  • कार्यक्रम में माननीय श्री प्रकाश यादव, भाजपा जिला कोषाध्यक्ष, उज्जैन तथा क्षेत्रीय पार्षद बाघेला जी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
  • उपस्थित अतिथियों ने सांकेतिक भाषा को समझने तथा समावेशी संवाद को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाने की आवश्यकता पर बल दिया।

कार्यक्रम में माननीय श्री प्रकाश यादव, भाजपा जिला कोषाध्यक्ष, उज्जैन तथा क्षेत्रीय पार्षद बाघेला जी विशेष रूप से उपस्थित रहे। श्री प्रकाश यादव ने सांकेतिक भाषा को केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि श्रवण बाधितजनों की गरिमा, शिक्षा और सामाजिक भागीदारी का आधार बताते हुए कहा कि समावेशी समाज तभी संभव है जब समाज का प्रत्येक वर्ग एक-दूसरे की भाषा समझे। उपस्थित अतिथियों ने सांकेतिक भाषा को समझने तथा समावेशी संवाद को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाने की आवश्यकता पर बल दिया।

इस अवसर पर महाकाल बधिर संघ उज्जैन के अध्यक्ष श्री राजेश जायसवाल भी उपस्थित रहे। उन्होंने श्रवण बाधित समुदाय की चुनौतियों एवं सांकेतिक भाषा की पहचान को और सुदृढ़ करने की अपील की।

कार्यक्रम सेवा संकल्प अभियान की मूल भावना—जनसेवा, सुशासन और दिव्यांगजन सशक्तिकरण—के अनुरूप आयोजित किया गया। अभियान के तहत जिले में दिव्यांगजनों के अधिकार, शिक्षा, सहायक उपकरण एवं सामाजिक समावेशन को प्राथमिकता दी जा रही है। सांकेतिक भाषा दिवस पर यह कार्यक्रम उसी संकल्प को आगे बढ़ाने का माध्यम बना।

आयोजन में नोडल अधिकारी श्री सुनील त्रिवेदी तथा संस्था के समस्त कर्मचारी एवं पदाधिकारियों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों, कर्मचारियों एवं प्रतिभागियों का आभार श्री धर्मेंद्र सोनी ने व्यक्त किया।