6/2026/ राज्य शासन की महत्वाकांक्षी मध्यप्रदेश एमएसएमई प्रोत्साहन योजना महिलाओं को उद्यमिता के क्षेत्र में नित नए आयाम गढ़ने का अवसर प्रदान कर रही है। इसी कड़ी में बड़वानी ज़िले के नगर अंजड की निवासी श्रीमती प्रमिला पाटीदार ने अपनी कड़ी मेहनत और शासकीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से सफलता की एक नई इबारत लिखी है।

वर्तमान में उनकी इकाई मेसर्स गंगा कावेरी इंडस्ट्रीज के माध्यम से पशु आहार के रूप में प्रयुक्त होने वाले कॉर्न फ्लेक्स ( मक्का पोहा / Cattle Feed ) का सफल निर्माण एवं संचालन कर रही हैं। गृहिणी से सफल उद्यमी तक का सफर श्रीमती प्रमिला पाटीदार का उद्यमी बनने का यह सफर बेहद प्रेरणादायक है। मूल रूप से एक गृहिणी रहीं प्रमिला जी के पति व्यवसायिक क्षेत्र से जुड़े हुए हैं।

खास बातें

  • गृहिणी से सफल उद्यमी तक का सफर श्रीमती प्रमिला पाटीदार का उद्यमी बनने का यह सफर बेहद प्रेरणादायक है।
  • आज वे न केवल एक सफल महिला उद्यमी हैं, बल्कि अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बन चुकी हैं।
  • उनकी यह इकाई दिसंबर 2023 से लगातार सफलतापूर्वक उत्पादन कार्य कर रही है।

पति को कार्य करते देख और व्यापारिक बारीकियों को समझते हुए उनके मन में भी स्वयं का उद्यम स्थापित करने की इच्छा जागृत हुई। उन्होंने अपने पति के मार्गदर्शन और सहयोग से इस चुनौती को स्वीकार किया और व्यवसाय के क्षेत्र में कदम रखा। आज वे न केवल एक सफल महिला उद्यमी हैं, बल्कि अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बन चुकी हैं।

एमएसएमई प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत 48 प्रतिशत तक का अनुदान लाभ प्राप्त हुआ एमएसएमई प्रोत्साहन योजना के तहत श्रीमती पाटीदार ने अपनी इस इकाई में 3.5 करोड़ रुपये का निवेश किया है। इस योजना की सहायता से उन्हें कुल निवेश पर 48 प्रतिशत की अनुदान (सब्सिडी) राशि चार समान किश्तों में प्राप्त हुई, जिससे उनके व्यवसाय को वित्तीय संबल मिला है।

जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के मार्गदर्शन और सुगमतापूर्वक प्रक्रिया के कारण इकाई को समय पर योजना का लाभ मिला। उनकी यह इकाई दिसंबर 2023 से लगातार सफलतापूर्वक उत्पादन कार्य कर रही है। मक्का आधारित उद्योगों का क्षेत्रीय विकास में योगदान गंगा कावेरी इंडस्ट्रीज में मुख्य कच्चे माल के रूप में मक्के का उपयोग होता है।

ऐसे में, इस इकाई के संचालन से बड़वानी क्षेत्र के स्थानीय किसानों को अपनी फसल की खपत के लिए एक नजदीकी और बेहतर बाजार मिल रहा है, जिससे कृषि और उद्योग दोनों का समन्वित विकास हो रहा है। यहाँ तैयार किया गया पशु आहार बड़वानी के साथ-साथ अन्य जिलों एवं राज्यों के पशुपालकों तक भी पहुँच रहा है।

स्थानीय स्तर पर मिल रहा है रोजगार गंगा कावेरी इंडस्ट्रीज केवल उत्पादन का केंद्र ही नहीं है, बल्कि यह स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन का भी एक बड़ा माध्यम बन गई है। इस इकाई के माध्यम से क्षेत्र के 20 से 25 व्यक्तियों को प्रत्यक्ष रूप से रोजगार प्राप्त हो रहा है, जिससे उनके परिवारों को आर्थिक संबल मिल रहा है।